जबलपुर (News Life)। प्राइवेट अस्पतालों में अवैध वसूली और मनमानी के चलते मध्यम वर्गीय लोग एवं गरीब लोगों की हो रही असुविधा के चलते आज एक मृत्यु हो गई। ईलाज के नाम पर वसूले जा रहे हैं मनमाने पैसे उसके बाद भी लापरवाही की हद तो तब हो गई जब जबलपुर के भंडारी हॉस्पिटल में इलाज के दौरान एडवोकेट सतीश नामदेव राईट टाऊन निवासी की मृत्यु हो गई। परिजनों ने बताया है कि लापरवाही के कारण उनकी मृत्यु दिनांक 01/07/2024 को हो गई। परिजनों के अनुसार बताया गया कि हॉस्पिटल में आर एम पी आयुर्वेदिक होम्योपैथिक इंटर्न्स ड्यूटी डॉक्टर मरीज को देखते हैं। मरीज की हालत गंभीर होने पर फोन पर चर्चा कर इलाज करते हैं। जबकि अस्पताल के नोटिस बोर्ड में दर्शया गया है कि उनका ईलाज एम डी मेडिशियन एवं सर्जन द्वारा ईलाज किया जा रहा है। किंतु भण्डारी हॉस्पिटल गोरखपुर द्वारा एडवोकेट सतीष नामदेव को गलत इंजेकशन लगाने के कारण उनकी मृत्यु हो गई हैं। परिवार द्वारा उनके ईलाज के दौरान लाई गयी डॉक्टरों के दिशा निर्देश जो दिये गये हैं एवं ईलाज के दौरान जिन दवाओं का प्रयोग किया गया है उनके संपूर्ण ईलाज की फाईल की मांग की गई किंतु परिजनों को फाईल ना देकर पुलिस को बुलाकर मामले को शांत कारने प्रयास किया गया।
पीड़ित परिजनों की मांग है कि भण्डारी हॉस्पिटल गोरखपुर की उच्च अधिकारियों से जाँच कराकर दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्यवाही की जाए। साथ ही एडवोकेट सतीष नामदेव के ईलाज की संपूर्ण फाईल परिजनों को दिये जाने की मांग करते है। यदि इनके ऊपर कारवाई नहीं होती है तो मध्यप्रदेश प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डॉ. राजेन्द्र पिल्ले हॉस्पिटल के खिलाफ कोर्ट में मामला कायम करेंगें एवं परिजनों को न्याय दिलाने के लिए लड़ाई लड़ेंगे आज उन्होंने अपनी सारी बात आवेदन के माध्यम से पुलिस अधीक्षक महोदय के समक्ष प्रस्तुत की है।









