जबलपुर। रानी अवंति बाई लोधी सागर परियोजना बरगी बांध के जलस्तर को नियंत्रित करने इस सीजन में पहली बार आज रविवार को दोपहर लगभग 12 बजे इसके 21 में से 9 स्पिल-वे गेट औसतन 1.33 मीटर की ऊंचाई तक खोल दिये गये हैं और इनसे 52 हजार 195 क्यूसेक (घनफुट पानी प्रति सेकंड) पानी छोड़ा जा रहा है। कार्यपालन यंत्री बरगी बांध राजेश सिंह गौंड के अनुसार खोले गये नौ गेट में से गेट नम्बर दस, ग्यारह और बारह को दो-दो मीटर, गेट नम्बर नौ और तेरह को डेढ़-डेढ़ मीटर, गेट नम्बर आठ और चौदह को एक-एक मीटर तथा गेट नम्बर सात और पंद्रह को आधा-आधा मीटर की ऊंचाई तक खोला गया है। उन्होंने बताया कि बांध में आवक को देखते हुये कभी भी इससे पानी निकासी की मात्रा घटाई या बढ़ाई जा सकती है। कार्यपालन यंत्री बरगी बांध के मुताबिक रविवार को दोपहर ग्यारह बजे बांध का जल स्तर 417.40 मीटर रिकार्ड किया गया था और इस समय इसमें लगभग 98 हजार 741 क्युसेक पानी प्रवेश कर रहा था।
31 जुलाई तक तय है जलस्तर सीमा
परियोजना के बांया मेसनरी बांध संभाग के कार्यपालन यंत्री राजेश सिंह गौंड ने बताया कि बरगी डेम का पूर्ण जलभराव स्तर 422.76 मीटर है। ऑपरेशनल मैन्युअल के अनुसार, 31 जुलाई तक जल स्तर 417.50 मीटर के भीतर बनाए रखना आवश्यक है। इसी मापदंड को ध्यान में रखते हुए जल छोड़ने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने बाँध के निचले क्षेत्र के निवासियों से नर्मदा तट से सुरक्षित दूरी बनाये रखने तथा डूब क्षेत्र में प्रवेश न करने की अपील करते हुये बताया कि बांध से पानी छोड़ने से नर्मदा नदी का जलस्तर चार से पांच फुट तक बढ़ सकता है। बरगी बांध का पूर्ण जल भराव स्तर 422.76 मीटर है और ऑपरेशनल मैन्युल के अनुसार 31 जुलाई तक इसका जलस्तर 417.50 मीटर रखा जाना प्रस्तावित है।